एजेंसियां/न्यूज डेस्क (मातंगी निगम): रूसी सुरक्षा सेवा एफएसबी (FSB) ने हाल ही में दावा किया कि रूस ने क्रीमिया (Crimea) को रूस से जोड़ने वाले पुल के हुए घातक विस्फोट मामले में आज बुधवार (12 अक्टूबर 2022) आठ संदिग्धों को हिरासत में लिया। शनिवार (8 अक्टूबर 2022) को हुए धमाके में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गयी। मामले को लेकर मास्को (Moscow) खासा नाराज़ है क्योंकि केर्च पुल को रूसी अस्मिता से जोड़कर देखा जाता है।
केर्च पुल यूक्रेन (Ukraine) में लड़ रहे रूसी सैनिकों को सैन्य उपकरण ले जाने के लिये काफी अहम स्ट्रैटेजिक ट्रांसपोर्टेशन लिंक (Strategic Transportation Link) है। पुल भी काफी प्रतीकात्मक है क्योंकि इसका उद्घाटन खुद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Russian President Vladimir Putin) ने साल 2018 में किया था। मास्को ने धमाके के लिये कीव को जिम्मेदार ठहराया, इसी मुद्दे पर क्रेमलिन (Kremlin) ने सिलसिलेवार तरीके से मध्यम दूरी की बैलेस्टिक इसकंदर मिसाइलों (Ballistic Iskandar Missiles) के हमले कीव (Kyiv) पर किये। जिसमें कम से कम 19 लोग मारे गये और 100 से ज्यादा घायल हो गये।
एफएसबी सुरक्षा सेवा ने जारी बयान में कहा कि- “22,770 किलोग्राम वजन वाले 22 प्लास्टिक फिल्म रोल में विस्फोटक छिपाये गये थे।” आठ संदिग्धों में पांच रूसी, तीन यूक्रेनी और अर्मेनियाई नागरिक (Armenian Citizens) शामिल थे। अधिकारियों ने फिलहाल संदिग्धों की पहचान का खुलासा नहीं किया है।
एफएसबी के मुताबिक बीते अगस्त महीने में ओडेसा (Odessa) के यूक्रेनी बंदरगाह से बुल्गारिया (Bulgaria) के लिये रोल को एक नाव पर छोड़ दिया गया था। फिर उन्होंने जॉर्जिया (Georgia) में पोटी के बंदरगाह के जरिये विस्फोटकों को ट्रांजिट किया। फिर रूस में सड़क के रास्ते से पहुंचने से पहले विस्फोटकों को अर्मेनिया में भूमिगत कर दिया गया।
एजेंसी ने ये भी खुलासा किया कि विस्फोटक 4 अक्टूबर को जॉर्जियाई लाइसेंस प्लेट के साथ एक ट्रक रूसी इलाके में आया था और विस्फोटों से दो दिन पहले 6 अक्टूबर को ये क्रास्नोडार इलाके (Krasnodar Territory) में पहुंचा। मामले में FSB ने रूसी रूख साफ करते हुए इसे “आतंकवादी हमला” करार दिया और कहा कि ये हमला यूक्रेनी सीक्रेट सर्विसेज (Ukrainian Secret Services) की अगुवाई में किया गया था। इसमें कीव में बैठ खुफिया एजेंट विस्फोटकों के ट्रांजिट को कोर्डिनेट कर रहा था।